
घर मे खुशी का माहौल था । क्योंकि बहन के शादी की शहनाई जो बजने वाली थी । रिश्तेदारो के आने का सिलसिला लगातार जारी था । शाम को बारात आने ऐझवाली थी जिसकी तैयारियां चल रही थी । पिता सूर्यलाल ने 20 बर्षीय बेटे राजकपूर को ट्रैक्टर के साथ जाकर टेंट हाउस से सामान लाने को कहा । बेटा खुशी खुशी चल पड़ा दयालीडीह गांव से टेंट का सामान लाने के लिए । अचानक रास्ते मे ट्रैक्टर ट्राली अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गयी । राजकपूर ट्रैक्टर के नीचे दब गया राहगीरों ने काफी शोर शराबा करते हुए उसे बचाने का भरसक प्रयास किया । लेकिन जब तक लोग मदद करते तब तक काफी देर हो चुकी थी और मौके पर ही राजकपूर की दर्दनाक मौत हो गयी । जैसे ही यह खबर परिजनो को मिली तो वैसे ही शहनाई बजने वाले घर मे मातम छा गया । सूचना पाकर मौके पर पहुंची थाना महराजगंज तराई की पुलिस ने लोगों के काफी सिफारिश पर बिना पीएम कराये लाश का पंचनामा कराकर दाह संस्कार करने के लिए लाश परिजनों को सौंप दिया । घर मे खुशी के माहौल मे अचानक दुखों का पहाड़ टूट पड़ा । सभी का रोरोकर बुरा हाल है । थाना महराजगंज तराई के प्रभारी निरीक्षक गंगेश शुक्ला ने बताया कि घर मे शादी और परिजनों के सहमति पर शव का पंचनामा कराकर लाश सौंप दिया गया है ।
बिन्देश्वरी प्रसाद पाण्डेय
बलरामपुर






