इलाहाबाद विश्वविद्यालय की सर्वोच्च निर्णायक संस्था कार्य परिषद की हुई बैठक में शिक्षकों के रिक्त 558 पदों की भर्ती में गरीब सवर्णों को आरक्षण देने का निर्णय लिया गया। गरीब सवर्णों को आरक्षण कार्मिक विभाग की ओर से जारी आदेश के तहत दिया जाएगा।

कुलपति प्रो. आरएल हांगलू की अध्यक्षता में हुई बैठक में केंद्र सरकार की ओर से जारी अध्यादेश के मुताबिक शिक्षक भर्ती में लागू किए जाने वाले 200 प्वाइंट आरक्षण रोस्टर पर चर्चा की गई। मंगलवार को हुई विद्वत परिषद की बैठक में मिली मंजूरी के बाद बुधवार को कार्य परिषद ने भी इसे मंजूरी दे दी। इविवि के पीआरओ एवं कुलपति के विशेष कार्याधिकारी डॉ. चित्तरंजन कुमार सिंह ने बताया कि कार्य परिषद ने तय किया है कि शिक्षक भर्ती में एक पद के सापेक्ष स्क्रीनिंग के बाद चयनित किए गए दस अभ्यर्थियों को इंटरव्यू के लिए बुलाया जाएगा। आवेदन पत्रों की स्क्रीनिंग के लिए यूजीसी की ओर से जुलाई 2018 में जो आदेश जारी किए गए थे, उसी के मुताबिक प्रोफेसर के 66, एसोसिएट प्रोफेसर के 156 और असिस्टेंट प्रोफेसर के 336 पदों के लिए मिले आवेदन पत्रों की स्क्रीनिंग की जाएगी। 558 पदों के लिए शिक्षक भर्ती का विस्तृत विज्ञापन 15 अप्रैल को जारी कर दिया जाएगा। ऑनलाइन आवेदन 15 मई तक लिए जाएंगे






