सुरेन्द्र चौधरी

बलदेव:-हिन्दी साहित्य के पुरोधा डॉ, नामवर सिंह के असमय निधन पर बलदेव के स्थानीय कवियों ने आयोजित शोक सभा मे शोक व्यक्त किया है। आयोजित शोक सभा मे छैल बिहारी विकल ने कहा डॉ नामवर सिंह हिंदी साहित्य के पुरोधा एवं महान आलोचक थे । उन्होंने हिंदी साहित्य में नए कीर्तिमान स्थापित किए ,साहित्य में आचार्य रामचंद्र शुक्ल के बाद डॉ नामवर सिंह ही आते थे । हिंदी साहित्य में एक युग का अंत हो गया है ,जिसकी पूर्ति करना असंभव है। शोक सभा में पुलवामा के आत्मघाती हमले में शहीदों को भी मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। शोक सभा में प्रमुख रूप से विजय अग्रवाल, अखिलेश पाठक, संजीव कुमार ,प्रकाश कुमार, राधेश्याम गोला ,विपिन कुमार, अभिषेक, गौरव ,शंकर सुलेखा आदि प्रमुख रूप से उपस्थित थे ।






