हरेकृष्ण गोयल

मांट। हरियाणा व अरुणाचल प्रदेशों से सस्ती शराब खरीद कर प्रतिबन्धित प्रदेशों में यूं तो अवैध रूप से शराब की तस्करी का काला कारोबार लम्बे समय से चल रहा है।एक्सप्रेस वे पर अब इस काले कारोबार के लिए तस्करों ने केश बैन का सहारा लेना शुरू कर दिया है।

एक्सप्रेस वे बनने के बाद से शराब तस्करों ने अपने कारोबार के लिए इसे मुफीद मान लिया,हालांकि यहां से शराब का आवागमन देख पुलिस और आबकारी विभाग ने भी पूरे रोड पर अपने मुखबिरों का जाल फैला दिया। और हर माह बड़ी तादाद में शराब पकड़ी भी जा रही है। पर जितनी शराब पकड़ी जाती है,उससे ज्यादा शराब के अवैध कारोबारी शराब को निकाल ले जाने में सफल भी हो जाते हैं।
कुछ समय पहले तक ट्रक,मैटाडोर, पिकअप, लक्सरी कार,कंटेनर आदि में शराब पकड़ी जाती रही है
पर कुछ दिनों से तस्करों ने वाहनों का ट्रेंड ही बदल दिया है।अब एटीएम आदि में कैश पहुंचाने वाली कैश बैन से शराब की तस्करी की जा रही है। 27 दिसम्बर को कैश वैन में टोल चौकी प्रभारी शिव वीर सिंह ने अवैध शराब पकड़ी तो एक बार फिर सोमवार को कैश बैन में शराब पकड़ी गई।इससे कैश पहुंचाने वाली कैश बैन को पुलिस व आबकारी विभाग शक की नजर से देखने लगे हैं।






