-पुणे के कार्यकर्ताओं से प्रधानमंत्री ने किया सीधा संवाद
-2022 तक दोगुनी आमदनी का फार्मूला दोहराया
पीडीयू समाचार

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संवाद के दौरान प्रधानमंत्री ने कार्यकर्ताओं में जोश भरने के साथ ही विपक्ष पर जमकर निशाना साधा। प्रधानमंत्री ने शनिवार को कोलकाता में हुई महागठबंधन की रैली पर प्रहार करते हुए कहा कि ये महागठबंधन एक अनोखा बंधन है। ये बंधन नामदारों का बंधन है। ये बंधन भाई.भतीजेवाद का बंधन है। ये बंधन भ्रष्टाचार और घोटालों का बंधन है। ये बंधन नकारत्मकता का बंधन है। ये बंधन अस्थिरता और असमानता का बंधन है। उन्होंने कहा कि 2019 में हार को सामने खड़ी देख अब विपक्षी दल फिर से बहाना तैयार करने लगे हैं। ईवीएम को खलनायक बना रहे हैं। वे आम लोगों को मूर्ख समझते हैं और इसीलिए अपने रंग बदल रहे हैं।
जानिए पीएम मोदी ने क्या कहा
2022 तक उनकी आमदनी दोगुनी होए इसके लिए भाजपा की सरकार में बीज से बाजार तक फैसले लिए जा रहे हैं। फसल चक्र के हर चरण के दौरान किसानों को सशक्त बनाने का प्रयास किया जा रहा
जो लोग आरक्षण में 8 लाख रुपये लिमिट की बात कर रहें हैए मैं उन्हें बताना चाहता हूं कि आयकर देने की लिमिट जो 2ण्50 लाख रुपये है वह व्यक्तिगत आय पर हैए जबकि आरक्षण की लिमिट पूरे परिवार के लिए तय की गयी है।
जब जनता के व्यापक हित में हमने ऐसा ऐतिहासिक फैसला लिया हैए तो पॉलिटिकल पार्टियों का विरोध या फिर उनकी ऐसी चालें स्वाभाविक हैं।
जो लोग मुझे कहते हैं कि मैंने ये फैसला चुनाव के लिए कियाए तो मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि देश में चुनाव कब नहीं होते
जिन लोगों की खुद की पार्टी में लोकतंत्र का नामो निशान नहीं हैए वो आज लोकतंत्र के नाम पर देश को गुमराह कर रहे हैं।
जिस मंच से ये लोग देश और लोकतंत्र बचाने की बात कह रहे थेए उसी मंच पर एक नेता ने बोफोर्स घोटाले की याद दिला दी। आखिर सच्चाई छुपती कहां है।
कई स्थान ऐसे थे जहाँ हमारी पार्टी की उपस्थिति बहुत कम है तो कई ऐसे भी स्थान थे जहाँ डच्ए डस्।ए कोरपोरेटर सभी भाजपा के ही है। पर सभी जगह जो बात बवउउवद थी वो है . भाजपा के कार्यकर्ताओं का जज़्बाए ईमानदारीए महनत और मज़बूती के साथ खड़े रहने की ताक़त।
भारतीय जनता पार्टी का कार्यकर्ता चाहे नया हो या पुरानाए उसे लेकर लोगों में एक अच्छी छाप होती हैए लोगों से उसका एक जुड़ाव होता है






