वेटरनरी डॉ प्रियंका रेड्डी की आत्मा को शांति के लिए किया मौन धारण,दिनभर क्लिनिक रहे बन्द

मथुरा।कस्बा फरह में स्वैच्छिक भारत बंद के दौरान प्राइवेट डॉक्टरों ने एकजुट होकर प्रियंका रेड्डी हत्याकांड के खिलाफ कैंडल मार्च निकाला एवं सभी ने श्रद्धांजलि अर्पित की।
देश में ऐसे लोग इंसान के नाम पर कलंक है,जिन्होंने इस घटना को अंजाम दिया।भारत सरकार बलात्कार जैसे जघन्य अपराध के खिलाफ कठोर कानून क्यो नही बना रही है। ऐसे घटना को अंजाम देने वाले अपराधियों को पता है कि इस देश मे क्या होगा। पुलिस गिरफ्तार करेगी। कुछ साल तक जांच होगा केस चलेगा फिर छूट जायेंगे या 2 से 4 साल की सजा होगी। ऐसे अपराधियों को गिरफ्तार क्यो करना। उनको बीच सड़क पर सभी जनता के बीच मे उन्हें मौत की सजा दी जानी चाहिये।ऐसे अपराधियों को गिरफ्तार नही करना चाहिए। उन्हें मौत की सजा देनी चाहिए। ऐसा कानून संसद में पास होना चाहियें। अब वक्त है कि हमें अपने कानून में बदलाव कर जैसे अन्य देशों में होता है अपराधी को पब्लिक के बीच सड़क पर पत्थर मार-मार कर सजा दी जाती है यह कानून ऐसे अपराधियों के लिए हमारे देश में होना परम आवश्यक है तभी ऐसे अपराधों पर रोक लगाई जा सकती है। नही तो ऐसे अपराध होते रहेंगे। कभी निर्भया कांड तो कभी डॉक्टर प्रियंका कभी कोई तो कभी कोई।

शादनगर में स्कूटी पंक्चर होने पर सही करने का भरोसा देकर एक महिला डॉक्टर की सामुहिक बलात्कार फिर हत्या कर बाद में लाश को जला देना। यह घटना बहुत ही शर्मनाक है इसकी जितनी निंदा की जाये उतना ही कम है। जागो भारत के वाशियो जागो। हम ऐसे पवित्र देश के नागरिक है जहाँ नारी की पूजा होती अर्चना होती। लेकिन ऐसी घटना हमारे देश को शर्मिंदा करती है। देश के डॉक्टर संगठन
भारत सरकार से यह आग्रह करते है कि ऐसे अपराधियों को कठोर से कठोर सजा दी जाए ताकि कोई और ऐसी घटना को अंजाम देने की हिम्मत ना करे।इस दौरान
डॉ प्रेम सिंह तरकर,डॉ लोकेश,डॉ सतीश चंद,डॉ नरेंद्र उपाध्याय,डॉ रविकांत,विक्रम सिंह आदि दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
दरिंदगी की हद पार हो गयीं,
आज हैदराबाद नगरी शर्मशार हो गयी,
मासूम की हसी कही दफन हो गयी,
हैवानियत की आज फिर,
इंसानियत पर जीत हो गयीं।






