भरत लाल गोयल, पीडि़यू समाचार

मथुरा | चिलचिलाती गर्मी के मौसम में पशु पक्षी पानी के लिए भटक रहे हैं | गाँवों के न पोखर
तालाबों में पानी है न नहर माइनरों में | किसानो की चरी-ज्वार और लोबिया की फसल सूखे का शिकार हो रही है | जायद की अन्य फसल भी बुरी तरह प्रभावित है | जनपद के अधिकांश राजवाह काफी समय से सूखे पड़े हैं | बरारी. महूवन माइनर, झण्डीपुर माइनर, सनॉरा माइनर सहित जिले के अधिकांश माइनरों में पानी का अभाव है | इस संबंध में ग्रामीण नीचे से लेकर उच्च स्तर तक हर अधिकारी को शिकायत कर चुके हैं, किंतु शिकायतों का फलसफा सिफिर रहा है | सिंचाई विभाग के कान पर आज तक कोई कोई जूं नहीं रेंगी है |

ग्रामीण हकको, लाल सिंह, गप्पो, राकेश, सोनू, कप्तान, प्रताप, शिब सिंह, सोरन आदि का कहना है कि बरारी महूवन माइनर में मुद्दतों से पानी नहीं आ रहा है | यहां तक कि सिलट सफाई तक नहीं कराई गई हैं | माइनर कचरे के ढेर से अटा पड़ा है | ग्रामीणों का कहना है कि सिंचाई विभाग हर साल. माइनरों की सफाई के नाम पर खाना पूर्ति कराता है | उन्होने अधिकारियों से समस्या समाधान की मांग की है |






