फरह | ग्राम विकास व गौपालन के परिपेक्ष में सूर्या फाउंडेशन द्वारा 15 गाँव के 50 किसानों की एक बैठक दीनदयालधाम में बुलाई गई, इसमें स्वदेशी उत्पाद और वस्तुओं के प्रयोग और निर्माण पर चर्चा की गई, जिसमें मुख्य वक्ता पश्चिम बंगाल प्रांत गौसेवा प्रमुख ललित अग्रवाल रहे | श्री अग्रवाल ने बताया कि गौपालन के द्वारा हम गांवों को समृद्धिशाली बना सकते हैं|

हम गोबर गोमूत्र से कंपोस्ट खाद धूपबत्ती आदि अनेक प्रकार के प्रोडक्ट बनाकर बेच सकते हैं| जोकि विदेशी प्रोडक्ट की अपेक्षा शुद्ध और रोगमुक्त हैं | विदेशी केमिकल युक्त प्रोडक्ट हमें बीमारी बांट रहे हैं | रोगों की रोकथाम हो सकती है और हम आर्थिक और शारीरिक रूप से सबल हो सकते हैं, बशर्ते हमको अपनी मन: स्थिति में सुधार करना होगा | अपने ऋषि मुनियों के द्वारा प्रदत सिद्धांतों पर पुनः चलना होगा, इसी में देश और विश्व का कल्याण है। वर्तमान समय मे गाय की दुर्दशा किसी से छुपी नहीं है जो बहुत ही दयनीय है| गाय को बचाने के लिए हमें हर घर में गौपालन शुरू करना होगा | उत्तर प्रदेश में खुले आम घूम रहे बेसहारा गौवंश की समस्या से बचने के लिए प्रत्येक घर मे गौपालन जरूरी है| गौ आधारित ग्राम विकास एक मात्र समस्या का समाधान हो सकता है | *उन्होने कहा कि किसान बचेंगे तो गाय बचेंगी और गाय बचेंगी तो किसान बचेंगे | बैठक के मुख्य अतिथि राजवीर, प्रांत ग्राम विकास प्रमुख ने बताया कि हम जीरो बजट से कार्य करें तो कोई भी दुनिया की शक्ति हमें नंबर वन बनने से नहीं रोक सकती| सूर्या फाउण्डेशन ब्रज क्षेत्र प्रमुख गिरीश प्रसाद ने कहा कि गौ गम् धातु का शब्द है जिसका अर्थ है गमन करना यानी कि आगे की ओर बढ़ाना और ओमकार स्वरूप अर्थात ब्रह्मांड अपने में पूर्ण है | माता पुत्र का ही लालन-पालन कर सकती है। गौ महा माता है जो सारे संपूर्ण परिवार एवं देश का अपने गौ मूत्र, दूध, दही, घी मक्खन से अर्थात संपूर्ण शरीर से मानव की सेवा करती है| अतः इसका पालन पोषण करना हमारा श्रेष्ठ कर्म और धर्म होना चाहिए, यही समय की पुकार है| रसायनिक खेती से प्राणियों में बुरा प्रभाव पड़ रहा है | इससे बचने का उपाय करना होगा |
उन्होने बताया कि
इसके प्रशिक्षण हेतु पाँच दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग 30 जून से 4 जुलाई 2019 तक आयोजित होगा, जिसमें किसान गौ सेवा का प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे| बेठक में गौ सेवा वृंदावन की गौ सेवा से स्वामी अखंडानंद दास एवं कथा वाचक बृजेश गोस्वामी और राधा रमन दास भी बैठक में उपस्थित रहे | संचालन विकास ने किया| कृष्णगोपाल, पप्पू कुमार और शिक्षक बंधु आदि उपस्थित रहे।






