– मंदिर प्रबंध समिति के सचिव ने कराई रिपोर्ट
– एसडीएम गोवर्धन कर रहे प्रकरण की जांच
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भरत लाल गोयल, पीडि़यू समाचार

मथुरा । गोवर्धन के गिरिराज जी के मंदिर में भक्तों द्वारा आस्था के रूप में चढ़ाई जाने वाली करोड़ों रूपये की धनराशि के हेर-फेर में मुख्यमंत्री की शिकायत के बाद प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। गोवर्धन थाने में दर्ज मुकदमे में प्रार्थी रमाकांत कौशिक पुत्र गिर्राज प्रसाद कौशिक निवासी खेरा मोहल्ला गोवर्धन ने बताया कि वह गिर्राज सेवक समिति दानघाटी मंदिर का सचिव व संचालनकर्ता है। वर्तमान में मंदिर की प्रबंध व्यवस्था मंदिर के सहायक प्रबंधक डालचंद पुत्र रामस्वरूप निवासी ग्राम आयराखेड़ा थाना राया व हाल निवासी इंदिरा कालौनी सौंख रोड द्वारा वर्ष 2014 से की जा रही है। डालचंद द्वारा अपने कार्यकाल में मंदिर के ठेकों की धनराशि को खाते में जमा कराने के बजाय अपने निजी प्रयोग में ले लिया है। उसने मई 2017 से लेकर जुलाई 2018 तक कुल 134415000ध्- की धनराशि ठेकेदारों से प्राप्त की है। जिसमें उसने 69700000-रूपये ही बैंक में जमा कराए है। जबकि शेष 64710500 रूपये धोखाधड़ी करके हजम कर लिया। इसके अलावा मंदिर से ही जुड़े लक्ष्मीनारायण मंदिर के ठेका की 9690000- रूपये की धनराशि बदनीयती से हजम कर ली है। प्रबंधक द्वारा हड़पी गई धनराशि गोवर्धन गिर्राज जी में तीर्थ स्थल के विकास के लिए चढ़ावे के रूप में दी गई। इस संबंध में पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। प्रकरण की जांच गोवर्धन एसडीएम नागेन्द्र सिंह द्वारा की जा रही है।






